Stop Loss Meaning In Hindi. स्टॉप लॉस क्या है?
दोस्तो आज हम इस
लेख में जानने की कोसिस करेंगे की स्टॉप लॉस क्या है, और यह एक ट्रेडर के लिए कितना
महत्वपूर्ण है, स्टॉक मार्केट पर काम कर रहे निवेशकों के लिए स्टॉप लॉस एक ढाल की तरह
काम करता है। क्यों कि स्टॉक मार्केट में व्यापार करते समय स्टॉप लॉस आपको व्यापार
में होन वाले नुकसान से बचाता है।
Contents
स्टॉप लॉस क्या होता है?
स्टॉप लॉस कैसे लगाए?
स्टॉप लॉस के प्रकार
·
फिक्स्ड स्टॉप लॉस
·
ट्रेलिंग स्टॉप लॉस
स्टॉप लॉस लगाने के फ़ायदे
स्टॉप लॉस क्या होता है?
दोस्तो जैसा की नाम से ही पता चलता है कि stop का मतलब विराम होता है और Loss का मतलब नुकसान होता है, अर्थात लॉस को कम करने वाला,आमतौर पर स्टॉप लॉस ऑर्डर का प्रकार है, जो कि एक निवेशक के नुकसान को सीमित रखता है।
स्टॉप लॉस कैसे लगाए?
स्टॉप लॉस कैसे
लगाए इसे हम उदहारण से समझते है. मान लीजिये की हमने ABC कंपनी का एक शेयर 100 रु पे
खरीदा और उसपे मैंने 80 रु का स्टॉपलॉस लगाया, और अगर ABC कंपनी की कीमत गिरके 80 रु हो जाती है तो मेरा वह शेयर ब्रोकर द्वारा अपने आप बेच दिया
जाएगा।
इसका फायदा यह हुआ
की अगर ABC के शेयर्स में किसी कारण से बड़ी गिरावट आती है, और शेयर 70 रु पे पहुंच
जाता है। तो इस स्तिथि में मुझे 30 रु के loss के बजाय सिर्फ 20 रु का लॉस होगा।
इसका मतलब यह हुआ की मुझे नुकसान तो होगा
पर कम नुकसान होगा।
स्टॉप लॉस के प्रकार
आमतौर पर स्टॉप
लॉस 2 प्रकार के होते हैं,
फिक्स्ड स्टॉप लॉस
फिक्स्ड स्टॉपलॉस
एक ऐसा स्टॉपलॉस है जो फिक्स्ड है अर्थात शेयर की कीमत कितनी भी बढे या निचे जाए,अगर
शेयर की कीमत आप के द्वारा लगाये गये स्टॉप लॉस को हिट कराती है तो आप की पोजिटेशन
अपने आप कट हो जाएगी.
ट्रेलिंग स्टॉप लॉस
ट्रेलिंग स्टॉपलॉस
ऐसा स्टॉपलॉस है, जो शेयर की कीमत बदलने पे अपने आप खुद ही बदल जाता है।
उदहारण के लिये,
मैंने ABC का एक
शेयर 100 रु पे खरीदा, और खरीदने के बाद शेयर की कीमत ऊपर जा के 110 रु हो जाती है।
अब मैंने 5 रु के अंतर पे मैंने Trailing Stop loss लगा दिया, अब फिरसे शेयर की कीमत बढ़के 115 रु हो गई,
तो मेरा स्टॉपलॉस अपने आप बढ़के 110 रु
हो जाएगा, और अगर फिर से शेयर की
कीमत बढती है, तो मेरा स्टॉप लॉस भी अपने आप बढ़ जाएगा, और अगर फिर से शेयर की कीमत
घटती है तो जो भी स्टॉपलॉस लास्ट में लगा होगा वो हिट हो जाएगा।
स्टॉप लॉस लगाने के फ़ायदे
1. Loss को कम करना
स्टॉप लॉस हमेसा
ट्रेडर के लॉस को कम करने में मदद करता है,
अगर ट्रेडिंग करते
समय स्टॉप लॉस(SL) लगा होता है तो ट्रेडर को कम नुकसान होता है चाहे मार्केट कितना
भी नीचे चला जाए।
2. Automation (स्वचालन) –
स्वचालन की सुविधा
होने से ट्रेडर स्टॉप लॉस लगा के टेंशन मुक्त हो जाता है, मतलब ट्रेडिंग करते समय स्टॉप लॉस लगा के रखने
से ऑटोमेटिक पोजीशन कट हो जाएगी।
4. Risk And Reward-
ट्रेडर को Risk(जोखिम) और Reward (फायदा) दोनों को खयाल में रखते हुए ट्रेडिंग करनी चाहिए, क्यू कि रिस्क मैनजमेंट किसी भी ट्रेडर के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। ट्रेडर को हमेशा उसके रिस्क लेने की क्षमता को ध्यान में रखते हुए ट्रेड करना चाहिए।
निष्कर्ष:
आज हमने इस लेख में जाना की स्टॉप लॉस क्या है, और यह एक ट्रेडर के लिए कितना महत्वपूर्ण है| अगर आपका कोई सवाल या सुझाव है तो आप हमे कमेंट कर सकते है |
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